नई दिल्ली: राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं की सुरक्षा को और मजबूत करने के उद्देश्य से केंद्र सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। सरकार ने देश के दूरदराज़ और संवेदनशील क्षेत्रों में परीक्षा प्रश्नपत्रों की सुरक्षित ढुलाई के लिए भारतीय वायुसेना (IAF) की सेवाएं लेने का निर्णय किया है।
यह फैसला NEET परीक्षा को लेकर हुए विवाद और प्रश्नपत्र लीक के आरोपों के बाद लिया गया है, जिसने देश की परीक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े कर दिए थे।
अधिकारियों के अनुसार, वायुसेना के विशेष हेलीकॉप्टरों और परिवहन विमानों के जरिए सीलबंद प्रश्नपत्रों को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच परीक्षा केंद्रों तक पहुंचाया जा रहा है। इन प्रश्नपत्रों को सीमावर्ती क्षेत्रों, पहाड़ी इलाकों, द्वीपों और अन्य दुर्गम स्थानों तक पहुंचाया जा रहा है, जहां सामान्य परिवहन व्यवस्था चुनौतीपूर्ण साबित हो सकती है।
सरकारी अधिकारियों का कहना है कि इस कदम का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि प्रश्नपत्र सुरक्षित, समय पर और बिना किसी छेड़छाड़ या अनधिकृत पहुंच के परीक्षा केंद्रों तक पहुंच सकें।
प्रश्नपत्रों के परिवहन की निगरानी के लिए बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है। परीक्षा प्राधिकरणों, स्थानीय प्रशासन, सुरक्षा एजेंसियों और वायुसेना के अधिकारियों के बीच लगातार समन्वय स्थापित किया जा रहा है ताकि प्रश्नपत्रों की गोपनीयता पूरी तरह बरकरार रहे।
सरकार का मानना है कि भारतीय वायुसेना की लॉजिस्टिक क्षमता और अनुशासित कार्यप्रणाली परीक्षा प्रक्रिया में लोगों का विश्वास मजबूत करने में मदद करेगी।
शिक्षा मंत्रालय ने कहा है कि परीक्षाओं में निष्पक्षता, पारदर्शिता और सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। अधिकारियों के मुताबिक, वायुसेना की तैनाती परीक्षा सुरक्षा को मजबूत करने और प्रश्नपत्र लीक जैसी घटनाओं को रोकने के व्यापक प्रयासों का हिस्सा है।
विशेषज्ञों ने भी इस कदम का स्वागत किया है। उनका कहना है कि प्रश्नपत्रों की ढुलाई के लिए सैन्य स्तर की लॉजिस्टिक व्यवस्था का उपयोग यह दर्शाता है कि सरकार करोड़ों छात्रों के भविष्य से जुड़ी प्रतियोगी परीक्षाओं की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए गंभीर है।
माना जा रहा है कि यह पहल देशभर में परीक्षाओं के सुचारु, सुरक्षित और पारदर्शी संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी तथा छात्रों, अभिभावकों और शैक्षणिक संस्थानों के बीच परीक्षा प्रणाली पर भरोसा बहाल करने में मदद करेगी।
Mantasha neyaz
National desk , News darshan




