विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए दो बड़ी योजनाओं की घोषणा की है। राज्य सरकार ने एक बड़े सौर ऊर्जा कार्यक्रम और “हरियाली मिशन” के तहत व्यापक वृक्षारोपण अभियान की शुरुआत की है।
घोषणा के अनुसार, बिहार के लगभग 50 लाख गरीब परिवारों को सौर ऊर्जा योजना का लाभ मिलेगा, जिसके तहत घरों की छतों पर सोलर पैनल लगाए जाएंगे। सरकार का कहना है कि यह पहल बिजली खर्च कम करने के साथ-साथ ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में नवीकरणीय ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा देगी।
मुख्यमंत्री ने बताया कि यह योजना प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत शुरू की जा रही है। इस परियोजना के अंतर्गत पात्र परिवारों को रूफटॉप सोलर लगाने के लिए सरकार की ओर से आर्थिक सहायता दी जाएगी। अधिकारियों के अनुसार लाभार्थियों की पहचान की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।
रिपोर्ट के अनुसार, लाभार्थियों को केंद्र सरकार की ओर से लगभग 33 हजार रुपये तक की सहायता मिलेगी, जबकि बिहार सरकार अतिरिक्त आर्थिक सहयोग प्रदान करेगी। इस योजना का उद्देश्य समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों तक सौर ऊर्जा को पहुंचाना है।
बिहार सरकार ने यह भी बताया कि इस योजना के तहत लगाए जाने वाले सोलर सिस्टम से लगभग 125 यूनिट बिजली उत्पादन संभव होगा। अधिकारियों का मानना है कि इससे पारंपरिक बिजली व्यवस्था पर दबाव कम होगा और टिकाऊ ऊर्जा उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा।
विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बिहार में एक लाख पेड़ लगाने के लक्ष्य के साथ एक बड़े वृक्षारोपण अभियान की भी शुरुआत की। इसे जलवायु परिवर्तन और पर्यावरणीय क्षरण से निपटने की दिशा में राज्य सरकार की बड़ी पहल माना जा रहा है।
सरकार का दावा है कि लगातार चलाए जा रहे वृक्षारोपण अभियानों की वजह से बिहार का हरित क्षेत्र पिछले कुछ वर्षों में काफी बढ़ा है। पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के अधिकारियों ने कहा कि वनीकरण सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।
अखबार की रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया है कि बिहार में वर्तमान में पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास से जुड़े 125 से अधिक ग्रीन बजट कार्यक्रम चल रहे हैं। राज्य सरकार का कहना है कि ये परियोजनाएं बिहार को पर्यावरण-अनुकूल शासन और जलवायु अनुकूलन की दिशा में आगे बढ़ाने में मदद कर रही हैं।
पर्यावरण संरक्षण के महत्व पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने लोगों से वृक्षारोपण कार्यक्रमों में सक्रिय भागीदारी करने और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार जीवनशैली अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन और प्रदूषण से निपटने के लिए जनभागीदारी बेहद जरूरी है।
स्वच्छ ऊर्जा और पर्यावरण संरक्षण पर दोहरी प्राथमिकता के साथ बिहार सरकार की ये नई पहलें सतत विकास और जनकल्याण दोनों को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही हैं। सरकार का मानना है कि सौर ऊर्जा के विस्तार और हरित क्षेत्र बढ़ाने से न केवल पर्यावरण की रक्षा होगी, बल्कि राज्य के दीर्घकालिक विकास को भी मजबूती मिलेगी।
विश्व पर्यावरण दिवस पर बिहार सरकार की हरित पहलों से जुड़ी यह थी ताजा अपडेट। ऐसे ही और अपडेट्स के लिए बने रहिए हमारे साथ।
Shreya singh
National Desk,News Darshan.





